नेत्यास इशारा

Submitted by अरुंधती कुलकर्णी on 11 August, 2009 - 00:14

विडम्बन काव्य 'देवा तुझे किती सुन्दर आकाश ' वर आधारित :

"नेत्यास इशारा"

नेत्या तुझा किती | भकास प्रभाग |
लुटोनी बोडका | झाला ऐसे ||१||

उजाड़ शिवार | कोरडे कालवे |
घोडे नाचविले | कागदांमाजी ||२||

भुकेली लेकरे | खंगली हो गुरे |
शेतकरी झुरे | उदासोनी ||३||

कर्जाचे डोंगर | डोईजड झाले |
रस्त्यावर आले | सारे लोक ||४||

तुम्बडी भरोनी | हाव आटपेना |
भस्म्या, क्षयरोग | माणुसकीचा ||५||

नको आता तुझी | फोल आश्वासने |
नादी न लागणे | चोरट्यान्च्या ||६||

तुझी प्रकरणे | लटके बहाणे |
भारता ग्रहणे | ग्रासियेले ||७||

मुकाट्याने करा | चुका ह्या दुरुस्त |
अन्यथा भोगावा | जनक्षोभ || ८||

खुर्ची गमावाल | गोते तुम्ही खाल |
आठवेल काळ | ध्यानी ठेवा ||९||

--- अरुंधती कुलकर्णी.

गुलमोहर: