Submitted by vijaya kelkar on 27 September, 2026 - 01:19
विसर्जन
शक्तीचे प्रतिक | स्वरुप सात्विक |
वाटे कवतिक | विनायका ||
नाहीच कोपिष्ट | घालवी आरिष्ट
मोदक स्वादिष्ट | आवडती ||
गायन ऐकत | प्रेरणा दैवत |
प्राप्त हो धैवत |गणपती ||
भक्ता एक आस |लागलासे ध्यास |
बोले हर श्वास | गणपती ||
दहा दिवसांचा |उत्सव विशेष |
राही स्मृती शेष | हृदयात ||
निरोपाचा क्षण | असे विलक्षण |
मनी दडपण | वियोगाचे ||
आम्ही सारे दीन | पंचतत्वी लीन |
अनंते विलीन | व्हावयाचे ||
मोरया मोरया | भावे उच्चारणी |
नकोत गार्हाणी | मनाठायी ||
विजया केळकर _______
नागपूर
विषय:
Groups audience:
Group content visibility:
Use group defaults
शेअर करा
मोरया मोरया | भावे उच्चारणी |
मोरया मोरया | भावे उच्चारणी |
नकोत गार्हाणी | मनाठायी || >>>+९९९९
__/\__
खूपच भक्ती पूर्ण....
भक्तीमय कविता..!
भक्तीमय कविता..!
आवडली. खूपच गेय आणि भावपूर्ण.
आवडली. खूपच गेय आणि भावपूर्ण.
नमस्कार आणि मन:पूर्वक धन्यवाद
नमस्कार आणि मन:पूर्वक धन्यवाद
_/\_ गणपती बाप्पा मोरया!
_/\_ गणपती बाप्पा मोरया!