Submitted by Admin-team on 3 January, 2009 - 00:52
| शीर्षक | प्रतिसाद |
|---|---|
| घर - अंतिम भाग बेफ़िकीर | 54 |
| योगिराणा मुरारी | 76 |
| पाच आदमी... एक उस्सल... और पाव नही... ? तुमचा अभिषेक | 104 |
| मदत बेफ़िकीर | 15 |
| समांतर ! कवठीचाफा | 24 |
| पूर्वनियोजीत : भाग २ विशाल कुलकर्णी | 36 |
| मुळपुरूष .....! विशाल कुलकर्णी | 40 |
| सायबानू मीच त्यो .... अंतिम मुरारी | 7 |
| जळतो आजही तुझ्याशिवाय! नंदिनी | 40 |
| आमच्या सोन्याची प्रेमकथा!! नंदिनी | 86 |
| माझी गडचिरोली सफर - एक थरारक अनुभव. तुमचा अभिषेक | 68 |
| ग्रहण-५ अन्तिम मुरारी | 29 |
| दे कॉल मी इ. झेड - शेवट कौतुक शिरोडकर | 27 |
| आता तुझी पाळी जागोमोहनप्यारे | 66 |
| श्रीखंड मिळतं, पण माणसं मिळत नाहीत रुपाली अलबुर | 43 |